
बिलासपुर, 16 जुलाई। बिलासपुर प्रेस क्लब के लोकप्रिय संवाद कार्यक्रम “हमर पहुना” में गुरुवार शाम भारत सरकार के केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तथा बिलासपुर सांसद तोखन साहू “पहुना” मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। पत्रकारों से रूबरू होते हुए उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत, केंद्र सरकार की विकास योजनाओं और बिलासपुर के भविष्य के विकास रोडमैप पर विस्तार से चर्चा की। कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों ने विभिन्न समसामयिक और जनहित के मुद्दों पर सवाल पूछे, जिनका केंद्रीय मंत्री ने बेबाकी से जवाब दिया।

कार्यक्रम की शुरुआत प्रेस क्लब अध्यक्ष अजीत मिश्रा व पदाधिकारियों द्वारा केंद्रीय मंत्री का पुष्पगुच्छ एवं स्मृति-चिन्ह भेंट कर आत्मीय स्वागत करने के साथ हुई। इसके बाद प्रश्नोत्तर सत्र में तोखन साहू ने अपने जीवन के कई अनछुए पहलुओं को साझा किया।

उन्होंने बताया कि उनका राजनीतिक सफर किसी बड़े राजनीतिक परिवार से नहीं, बल्कि एक साधारण ग्रामीण परिवार से शुरू हुआ। निजी क्षेत्र में अकाउंटेंट की नौकरी करते हुए उन्होंने सबसे पहले पंच का चुनाव लड़ा और यहीं से जनसेवा की यात्रा प्रारंभ हुई। इसके बाद वे सरपंच, जनपद सदस्य, विधायक, सांसद और अब केंद्र सरकार में राज्य मंत्री के पद तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि यह सफर जनता के विश्वास, कार्यकर्ताओं की मेहनत और पार्टी नेतृत्व के मार्गदर्शन का परिणाम है।
केंद्रीय मंत्री ने मंत्री बनने के अनुभव को साझा करते हुए बताया कि प्रधानमंत्री कार्यालय से अचानक फोन आया, जिसके बाद उन्हें नई जिम्मेदारी मिलने की जानकारी मिली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से पहली मुलाकात का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री अपने प्रत्येक सहयोगी की कार्यशैली, क्षेत्र और पृष्ठभूमि की गहरी जानकारी रखते हैं, जिसने उन्हें विशेष रूप से प्रभावित किया।
बिलासपुर के विकास का खाका किया पेश
बिलासपुर के विकास को लेकर तोखन साहू ने कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बिलासपुर एयरपोर्ट के विस्तार के लिए करीब 290 एकड़ भूमि उपलब्ध करा दी गई है, वहीं नाइट लैंडिंग सुविधा भी सुनिश्चित हो चुकी है, जिससे भविष्य में हवाई सेवाओं का विस्तार होगा।
रेलवे क्षेत्र में उन्होंने बताया कि 58 ट्रेनों के स्टॉपेज दोबारा बहाल किए गए हैं, जबकि प्रदेश के 32 रेलवे स्टेशन अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत आधुनिक स्वरूप में विकसित किए जा रहे हैं। इसके अलावा 47 हजार करोड़ रुपये से अधिक की रेलवे परियोजनाओं पर तेजी से काम जारी है।
शहर में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को कम करने के लिए 32 किलोमीटर लंबे बाइपास की डीपीआर तैयार की जा रही है, जिससे भविष्य में यातायात व्यवस्था को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
अरपा संरक्षण, महामाया कॉरिडोर और आवास योजनाओं पर फोकस
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि रतनपुर माता महामाया कॉरिडोर, शहर के तालाबों के सौंदर्यीकरण, प्रधानमंत्री आवास परियोजनाओं और अरपा नदी संरक्षण को लेकर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि अरपा नदी में गिरने वाले सीवरेज के शोधन के लिए बड़े सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट की योजना पर केंद्र और राज्य सरकार संयुक्त रूप से काम कर रही हैं।
प्रधानमंत्री आवास योजना का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि पात्र हितग्राहियों का चयन राज्य सरकार करती है और जैसे ही मांग प्रस्ताव केंद्र को प्राप्त होते हैं, स्वीकृति प्रक्रिया तेजी से पूरी की जाती है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले एक-दो वर्षों में छत्तीसगढ़ के अधिकांश पात्र परिवारों को इस योजना का लाभ मिल जाएगा।
छत्तीसगढ़ी भाषा और अपनी जीवनशैली पर भी रखे विचार
छत्तीसगढ़ी भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल किए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस संबंध में उन्होंने केंद्र सरकार के समक्ष पहल की है। कई भाषाओं के प्रस्ताव विचाराधीन हैं और आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद सकारात्मक निर्णय की उम्मीद है।
उन्होंने अपनी व्यक्तिगत दिनचर्या का भी उल्लेख करते हुए कहा कि वे नियमित योग करते हैं, मिलेट आधारित भोजन को प्राथमिकता देते हैं तथा अपने घर में जैविक खेती को बढ़ावा देने का प्रयास करते हैं।
कार्यक्रम में बिलासपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष अजीत मिश्रा, उपाध्यक्ष विजय क्रांति तिवारी, सह सचिव हरिकिशन गंगवानी, कार्यकारिणी सदस्य, वरिष्ठ पत्रकारों सहित प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक एवं डिजिटल मीडिया के बड़ी संख्या में प्रतिनिधि उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में पत्रकारों ने “हमर पहुना” को जनप्रतिनिधियों और मीडिया के बीच सार्थक संवाद का प्रभावी मंच बताते हुए इसकी सराहना की।