
बिलासपुर पुलिस के द्वारा चलाया गया चेतना अभियान के तत्वावधान में “आनंद सागर सेवा प्रवाह” के द्वारा शासकीय आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी एवं हिंदी माध्यम विद्यालय सेंदरी बिलासपुर में “चेतना विरुद्ध महिला एवं बाल अपराध” कार्यक्रम का आयोजन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गरिमा द्विवेदी जी के मुख्य आथित्य में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का प्रारंभ चेतना गीत के द्वारा किया गया । श्री युगल शर्मा जी के कुशल संचालन में सभी
अतिथियों का पुष्प गुच्छ से स्वागत सम्मान के साथ किया गया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गरिमा द्विवेदी मैडम ने बच्चों को अपनी बातें पुलिस तक पहुंचाने की बात कहते हुये कहा कि बच्चों को किसी भी तरह की झिझक नहीं होना चाहिए । किशोरावस्था के दौरान होने वाली परेशानियों का सामना करते हुए आपको खुलकर बात करना चाहिए। पुलिस विभाग सभी तरह से महिलाओं एवं बच्चों के समस्याओं को सुनकर निराकरण करती है । उन्होंने बच्चों को आश्वस्त किया कि आप पुलिस थाने का विजिट कर सकते हैं और इसके लिए मैं स्वयं आपके साथ चलूंगी ।
अपने बीच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक को पाकर बच्चे बहुत उत्साहित थे।
डॉ सुषमा पंड्या जी “आनंद सागर सेवा प्रवाह” की अध्यक्षा ने बच्चों को सद्व्यवहार, सत्कर्म और उच्च शिक्षा प्राप्त करते हुए सशक्त बनने की बात कही ।डॉ पंड्या ने बहुत अच्छी छोटी कहानी के माध्यम से बच्चों को निर्णय लेने की क्षमता विकसित करने के लिए कहा। साथ ही अभिव्यक्ति एप एवं इ रिपोर्ट की भी जानकारी दी ।
प्राचार्या नीरजा श्रीवास्तव जी के द्वारा विद्यालय पत्रिका का नाम “चेतना” रखा गया है जो उनके द्वारा आजादी के अमृत महोत्सव के उपलक्ष्य में विद्यालय पत्रिका का प्रथम अंक प्रकाशित किया गया। जिसमें प्राचार्या द्वारा स्वरचित कविता “चेतना” प्रकाशित है । जिसमें उन्होंने अपने मन की भावनाएं जो वह बालिकाओं के लिए चाहती हैं अक्षरों में व्यक्त कर दिया है ।
प्राचार्य महोदया ने चेतना कार्यक्रम के तहत बहुत ही सुंदर तरीके से इस “चेतना” कविता का पाठ किया। कविता की एक-एक लाइन हमारे इन बालिकाओं के लिए चिंता व्यक्त करते हुए अच्छे जीवन की कामना करने वाली है । साथ ही एक विश्वास है कि वह इन बालिकाओं को गार्गी मैत्री दमयंती बनाने की चाहत व्यक्त करते हुए पर्यावरण सुरक्षा की भी चेतना व्यक्त कर रही है। यह कविता समाज परिवार को भी जगाने के लिए अत्यंत उपयुक्त है।
कार्यक्रम में विद्यालय के लगभग 500 छात्रों की एवं शिक्षक शिक्षिकाओं की उपस्थिति रही। आनंद सागर सेवा प्रवाह के संरक्षक पंडित बाबूलाल पंड्या जी एवं श्रीमती कविता शर्मा जी उपस्थित थे।कार्यक्रम के अंत में आनंद सागर सेवा प्रवाह की उपाध्यक्ष श्रीमती सुमिता दास गुप्ता जी के द्वारा “गलत मत कदम उठाओ सोच कर चलो” गीत के माध्यम से किया गया। पूरे कार्यक्रम का कुशल मंच संचालन युगल शर्मा जी अकाउंटेंट के द्वारा किया गया कार्यक्रम बच्चों के विशेषतः बालिकाओं के हित में रहा।
