
शिव अनुराग भवन में आध्यात्मिक रहस्य के साथ मनाया गया रक्षाबंधन पर्व

बिलासपुर, 27 अगस्त। ब्रह्माकुमारीज़ शिव अनुराग भवन, राजकिशोर नगर में रक्षाबंधन का पावन पर्व अत्यंत श्रद्धा, उल्लास एवं आध्यात्मिक वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रक्षा-सूत्र का आध्यात्मिक रहस्य रहा, जिसे ब्रह्माकुमारी मंजू दीदी ने सहज एवं प्रेरणादायी शब्दों में स्पष्ट किया।
दीदी ने कहा कि रक्षाबंधन केवल भाई-बहन का सामाजिक पर्व नहीं, बल्कि आत्मिक प्रेम, मर्यादा, पवित्रता और आत्मा-परमात्मा के अटूट संबंध का दिव्य प्रतीक है। वास्तविक रक्षा-सूत्र वह है, जो मनुष्य को काम, क्रोध, लोभ, मोह और अहंकार जैसे विकारों से सुरक्षित रखकर पवित्र जीवन जीने की प्रेरणा देता है। उन्होंने सभी को परमात्म स्मृति में रहकर अपने जीवन को मर्यादित, संयमी एवं गुणवान बनाने का संकल्प कराया।

इस अवसर पर ’10 करोड़ नशा मुक्ति प्रतिज्ञा महा अभियान’ के अंतर्गत उपस्थित सभी भाई-बहनों एवं नागरिकों को नशा मुक्त जीवन जीने की प्रतिज्ञा भी दिलाई गई। यह संकल्प दादी प्रकाशमणि जी की पुण्य स्मृति को समर्पित किया गया तथा समाज को व्यसनमुक्त, संस्कारवान एवं आध्यात्मिक भारत बनाने का संदेश दिया गया।