
संस्कारधानी में 11 दिन तक भक्ति मय माहौल के बाद गणपति बप्पा जी की शुक्रवार को विदाई हुई और बप्पा जी सबको आशीर्वाद देकर चल दिए दुर्गा समिति की तरह इस बार गणेश समिति भी रात भर झांकियां की शुरुआत हुई आकर्षण लाइट और डीजे की धुन पर रात भर समिति व भक्त लोग आकर्षक लाइट और डीजे की धुन पर नाचते रहे गणेश विषर्जन कार्यक्रम को पहली बार बिलासपुर में झांकियां के साथ देखी गई और शहर की प्रमुख गणपति समितियां जीवित और चलित झांकियां का प्रदर्शन करती रही रात भर रंगीली लाइट और सजावट लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा है और सजा सज्जा के साथ भक्ति के साथ भक्त गढ़ पूरी रात जागते रहे और दुर्गा जैसा माहौल दिखा।गणपति उत्सव बिलासपुर में बड़े धूमधाम से मनाया जाता है और बप्पा की प्रतिमा स्थापित की जाती है और इसे भव्य रूप भी दिया जाता है इसी वजह से शहर में छोटा बड़ी गणपति समितियां आयोजन लाखों रुपए खर्च करती है और बिलासपुर में प्रतिमा और विसर्जनों पर भव्य रूप के साथ विसर्जन करती है वैसे तो इस बार भी हर साल की तरह हवन पूजन प्रतिमा विसर्जन का दौर शुरू हुआ मगर शहर की बड़ी समितियां ने एकजुट के साथ एक साथ विसर्जन करने को राजी हुई ओर कोतवाली चौक के पास सम्मान के लिए स्टेज बनाया गया था जगह जगह स्वागत भी हुआ सम्मन भी दिया गया किसी प्रकार की अप्रिय घटना भी नही घटी शान्ति पूर्ण वातावरण के साथ बप्पा जी की विदाई हुई।



