
बिलासपुर। भाजपा प्रदेश महामंत्री एवं जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि चंद्रप्रकाश सूर्या और खिलावन पटेल ने शनिवार को बिलासपुर प्रेस क्लब में आयोजित प्रेसवार्ता में सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो को लेकर अपनी सफाई दी। उन्होंने कहा कि वीडियो के माध्यम से उनकी राजनीतिक छवि को जानबूझकर धूमिल करने की कोशिश की गई है और यह पूरी तरह भ्रामक प्रचार का हिस्सा है।
प्रेसवार्ता के दौरान नेताओं ने बताया कि 29 अप्रैल 2026 को मस्तूरी विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत कुकुर्दीकला स्थित रेत घाट की जनसुनवाई के अंतिम चरण के दौरान 25 हजार रुपये के कथित लेन-देन का जो वीडियो सामने आया है, उसे गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया है। उनका कहना है कि इस वीडियो को रेत घाट मैनेजमेंट से जोड़कर भ्रम फैलाया जा रहा है, जबकि वास्तविकता कुछ और है। चंद्रप्रकाश सूर्या और खिलावन पटेल ने आरोप लगाया कि यह पूरा प्रकरण राजनीतिक द्वेष से प्रेरित है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग उनकी बढ़ती लोकप्रियता से घबराकर इस तरह के हथकंडे अपना रहे हैं, ताकि उनकी छवि को नुकसान पहुंचाया जा सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे जनहित के मुद्दों पर हमेशा पारदर्शिता के साथ काम करते आए हैं और आगे भी करते रहेंगे।
नेताओं ने कहा कि इस मामले में तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश किया गया है, जिससे आम जनता में भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। उन्होंने अपील की कि लोग किसी भी खबर या वीडियो पर विश्वास करने से पहले उसकी सच्चाई की जांच जरूर करें। प्रेसवार्ता के अंत में उन्होंने चेतावनी दी कि इस तरह के भ्रामक और दुर्भावनापूर्ण प्रचार के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही उन्होंने कहा कि वे इस मामले में संबंधित लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ उचित कानूनी कदम उठाने की तैयारी कर रहे हैं, ताकि सच्चाई सामने आ सके और दोषियों को सजा मिल सके।