ऑपरेशन के बाद पेट में रह गया धागा, पेंडलवार अस्पताल पर लापरवाही का आरोप – CMHO को सौंपा ज्ञापन

बिलासपुर, 29 जुलाई। पेंडलवार अस्पताल, तोरवा में कथित गंभीर चिकित्सकीय लापरवाही के मामले को लेकर आज प्रदेश उपाध्यक्ष लक्की मिश्रा के नेतृत्व में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO), बिलासपुर को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में मामले की निष्पक्ष जांच, दोषी चिकित्सकों पर कड़ी कार्रवाई तथा अस्पताल का लाइसेंस तत्काल निरस्त करने की मांग की गई।

ज्ञापन में बताया गया कि 12 जून को सुरेखा सूर्यवंशी का पेंडलवार अस्पताल में ऑपरेशन किया गया था। आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान चिकित्सकीय लापरवाही के चलते महिला के पेट में सर्जिकल थ्रेड (ऑपरेशन का धागा) छोड़ दिया गया। इसके बाद महिला को लगातार उल्टी, बुखार एवं अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ा।

पीड़िता की हालत बिगड़ने पर उन्हें अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां लेप्रोस्कोपिक जांच के दौरान पेट के भीतर सर्जिकल थ्रेड पाए जाने की बात सामने आई। इस संबंध में उपलब्ध वीडियो एवं चिकित्सकीय जांच का भी उल्लेख ज्ञापन में किया गया है।

प्रदेश उपाध्यक्ष लक्की मिश्रा ने कहा कि यदि अस्पताल का दावा है कि यह गलने वाला धागा था, तो फिर पीड़िता का दोबारा ऑपरेशन क्यों करना पड़ा? यदि दूसरे अस्पताल में पुनः ऑपरेशन आवश्यक हुआ, तो पीड़ित परिवार को हुए शारीरिक, मानसिक एवं आर्थिक नुकसान की भरपाई कौन करेगा? छत्तीसगढ़ सरकार या सरकार से सहायता प्राप्त पेंडलवार अस्पताल इसकी भरपाई करेगा? उन्होंने कहा कि मरीजों की जान से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए।

उन्होंने मांग की कि मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए तथा अस्पताल का लाइसेंस निरस्त किया जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए अस्पताल प्रबंधन को तत्काल नोटिस जारी करने की जानकारी दी तथा नियमानुसार जांच कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *